तिरुपति बालाजी मंदिर
तिरुमाला, तिरुपति, आंध्र प्रदेश
इतिहास
तिरुपति बालाजी (वेंकटेश्वर) मंदिर आंध्र प्रदेश के तिरुमाला पहाड़ियों पर स्थित है। यह विश्व का सबसे धनी और सर्वाधिक दर्शनार्थियों वाला मंदिर है। मंदिर का निर्माण 9वीं शताब्दी में हुआ था। पौराणिक मान्यता है कि कलियुग में भगवान विष्णु यहाँ वेंकटेश्वर रूप में विराजमान हैं।
महत्व
तिरुपति बालाजी 108 वैष्णव दिव्यदेशों में सर्वोच्च है। यहाँ प्रतिदिन 50,000-100,000 श्रद्धालु आते हैं। मंदिर की वार्षिक आय हजारों करोड़ रुपए है।
वास्तुकला
मंदिर द्रविड़ वास्तुकला का उत्कृष्ट उदाहरण है। राजगोपुरम और विमान गोपुरम सोने से मढ़े हुए हैं। मंदिर में भगवान वेंकटेश्वर की काले पत्थर की मूर्ति है।
